सोचा था ब्लॉगिंग बंद कर दूँ पर रहा ही न गया और अब फ़िर से वापस आ गया हूँ.
कई बड़े खूबसूरत से ईमेल भी मिले हैं. बहुतों ने नाराज़गी भी जताई है.
किसी ने कहा कि जनसत्ता में आपके ब्लॉग का नाम आया है और आप ने न सिर्फ़ ब्लॉग लिखना ही छोड़ दिया बल्कि उसे ban भी कर दिया कोई देख ही नहीं सकता !
चलो फ़िर से सक्रिय होने का समय आ गया.
बस ज़रा बिना Application के bunk मारने की स्कूली आदत अभी नहीं गई. :)
दर्जनों email पड़े हैं, भाई सभी को जवाब मिलेगा, प्यारी प्यारी धमकियों का भी प्रत्युत्तर देना है.
एक ब्लॉगर प्रिया ने लिखा है " अभी आप नहीं हैं तो ब्लॉग जगत का सूरज अस्त हो गया है. आप का इंतज़ार है. "
ढेरों बातें हैं, पर सभी को जवाब email से ही मिलेगा.
अब न जाऊंगा, वादा है.
साथियों, अगर गया भी तो बता कर जाऊंगा, यह भी promise करता हूँ लेकिन आप लोग नाराज़ मत होना.
बस दोस्तों ज़रा सा इस template को समझ लूँ और blog थोड़ा सा व्यवस्थित हो जाए तो comment के लिए भी उपलब्ध हो जाऊँगा. :)
सच में एक लंबा gap आ गया है blog लिखे हुए, यही कारण है कि लिखना अब थोड़ा सा कठिन लग रहा है. समझ नहीं पा रहा हूँ कि कहाँ से शुरू करूँ.
आज अपने सबसे प्रिय blog प्रथम पर गया. प्रथम का template मुझे बेहद पसंद आया. वही प्रयोग कर रहा हूँ.
प्रथम ने मुझे अपने दोस्तों की सूची से निकाल दिया है. यह जान कर खुशी हुई, बेकार आदमी को कौन पूछता है. :)
कुछ बात है कुन्नू में { या हममें :) } कि हमें अभी भी अपने अपने blog पर कुन्नू सजाये बैठे हैं.
धन्यवाद.
" थोड़ा सा सुकून " से भी हटा दिए गए हैं.
एक गाना याद आ रहा है -
" आइना मुझसे मेरी पहली सी सूरत मांगे.
मेरे अपने मेरे होने कि निशानी मांगे. "
अब blogger world पूरी तरह से बदल चुका है.
मैं तकनीकी जगत की बात कर रहा हूँ. ज्यादा विस्तार से सोच रहा हूँ अतः एक लेख " हिन्दी ब्लॉगजगत और तकनीकी लेखन " पर लिख रहा हूँ, ज़रूर पढियेगा.
धन्यवाद.
आप सभी का
E-Guru Rajeev
स्वागत है। अब कभी जाने की बात मत करीयेगा।
ReplyDelete"अब न जाऊंगा, वादा है" वादा कर के भूल..... :)